ईरान के खातम-अल-अंबिया केंद्रीय मुख्यालय ने शनिवार, 20 जून को होर्मुज़ जलडमरूमध्य को बंद करने की घोषणा की। यह निर्णय लेबनान पर इज़राइल के हमलों के बाद इस्लामाबाद समझौता ज्ञापन (MoU) के उल्लंघन के जवाब में लिया गया है।
ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि किसी भी जहाज़ को होर्मुज़ जलडमरूमध्य के निकट नहीं आना चाहिए। यह जलमार्ग वैश्विक तेल और गैस आपूर्ति के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है, इसलिए इस घोषणा के अंतरराष्ट्रीय स्तर पर व्यापक प्रभाव पड़ने की आशंका है।
इस बीच, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने इज़राइल को लगातार मिल रही कथित छूट और दण्डमुक्ति की कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय की निष्क्रियता ने इज़राइली शासन को कानूनी और नैतिक मानदंडों की अनदेखी करने के लिए प्रोत्साहित किया है।
प्रवक्ता के अनुसार, इज़राइल अपनी सैन्य कार्रवाइयों को न केवल फ़िलिस्तीन बल्कि पूरे क्षेत्र में लगातार जारी रखे हुए है। ईरान ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से हस्तक्षेप करने और क्षेत्र में बढ़ते तनाव को रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाने की अपील की है।
-------------------------------
ब्रेकिंग न्यूज और लाइव न्यूज अपडेट के लिए हमें फेसबुक पर लाइक करें या ट्विटर पर फॉलो करें। Pavitra India पर विस्तार से पढ़ें मनोरंजन की और अन्य ताजा-तरीन खबरें
Facebook | Twitter | Instragram | YouTube
-----------------------------------------------
. . .